जोधपुर में सैंकड़ो पत्रकारों का प्रदर्शन:
*जोधपुर में सैंकड़ो पत्रकारों का प्रदर्शन: वरिष्ठ पत्रकार उपेंद्र सिंह राठौड़ के समर्थन में सौंपा ज्ञापन निष्पक्ष जांच की मांग* आईएफडब्ल्यूजे के प्रदेश उपाध्यक्ष राजीव गौड़ व जोधपुर संभाग प्रभारी विक्रम सिंह करणोत के नेतृत्व में सौंपा गया ज्ञापन*
जोधपुर. / आईएफडब्ल्यूजे (इंडियन फेडरेशन का वर्किंग जर्नलिस्ट्स ) के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष और प्रदेश अध्यक्ष पत्रकार उपेंद्र सिंह के जैसलमेर स्थित प्रतिष्ठान पर एक तरफा कार्रवाई किए जाने के चलते जैसलमेर जिला कलेक्टर के खिलाफ पूरे मामले की जांच करने के लिए जोधपुर के कार्यवाहक संभाग के आयुक्त गौरव अग्रवाल को मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नाम विभिन्न पत्रकार संगठनों के प्रतिनिधियों और पत्रकारों ने ज्ञापन सौंप कर निष्पक्ष जांच की मांग की है.
जोधपुर में वरिष्ठ पत्रकार उपेंद्र सिंह राठौड़ के समर्थन में विभिन्न पत्रकार संगठनों ने एकजुट होकर संभागीय आयुक्त गौरव अग्रवाल के माध्यम से मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। सैकड़ों की संख्या में मौजूद पत्रकारों ने जैसलमेर कलेक्टर की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाते हुए पूरे प्रकरण की निष्पक्ष और उच्च स्तरीय जांच की मांग की। साथ ही कलेक्टर के खिलाफ आवश्यक कार्रवाई करते हुए उन्हें निलंबित करने की भी मांग प्रमुख रूप से रखी गई।
ज्ञापन में बताया गया कि उपेंद्र सिंह राठौड़ पिछले लगभग 22 वर्षों से जैसलमेर में विधिवत अनुमति के साथ “स्वाद रेस्टोरेंट” का संचालन कर रहे थे। उन्होंने अपने निजी खर्च पर व्यवसाय विकसित किया और नियमित रूप से सभी देयकों का भुगतान भी किया। इसके बावजूद नवंबर 2025 में बिना किसी लिखित आदेश के केवल मौखिक रूप से तीन दिन में रेस्टोरेंट खाली करने के निर्देश दिए गए जिसे पत्रकार संगठनों ने पूरी तरह मनमाना और असंवैधानिक बताया।
न्यायालय के आदेश के बावजूद जारी रही कार्रवाई
ज्ञापन के अनुसार न्यायालय से स्थगन आदेश मिलने के बाद भी प्रशासनिक दबाव और कार्रवाई का सिलसिला नहीं रुका।
23 दिसंबर को प्रशासन द्वारा गैस सिलेंडर जब्त करना किचन सील करना लाइसेंस नवीनीकरण रोकना और ग्राहकों को हतोत्साहित करने जैसी कार्रवाई की गई। इसके बाद 18 फरवरी को सिजिग और फिर 17 मार्च को भारी पुलिस बल की मौजूदगी में रेस्टोरेंट के पीछे की दीवार तोड़कर जेसीबी मशीनों से पूरे ढांचे को ध्वस्त कर दिया गया जिससे करीब सवा करोड़ रुपये का नुकसान हुआ।
द्वेषपूर्ण कार्रवाई के आरोप न्याय की मांग तेज
पत्रकार संगठनों ने इसे एक स्वतंत्र और निर्भीक पत्रकार की आवाज को दबाने का प्रयास बताया। उनका कहना है कि यह कार्रवाई न केवल व्यक्तिगत द्वेष से प्रेरित प्रतीत होती है, बल्कि लोकतांत्रिक मूल्यों और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर सीधा प्रहार है। ज्ञापन में दोषी अधिकारियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई और राठौड़ को आर्थिक नुकसान की भरपाई दिलाने की मांग की गई है।
*सरकार को चेतावनी: 29 मार्च को जयपुर में होगा बड़ा प्रदर्शन*
पत्रकारों ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि इस मामले में जल्द और निष्पक्ष कार्रवाई नहीं की गई तो 29 मार्च को जयपुर में प्रदेशभर के पत्रकार एकजुट होकर बड़ा प्रदर्शन करेंगे। उन्होंने कहा कि यह एकता किसी संघर्ष के लिए नहीं, बल्कि न्याय की मांग के लिए है लेकिन आवश्यकता पड़ने पर इसे लोकतांत्रिक जनआंदोलन का रूप दिया जाएगा।
ज्ञापन के अंत में पत्रकारों ने मुख्यमंत्री के नेतृत्व पर भरोसा जताते हुए कहा कि उन्हें उम्मीद है कि सरकार इस गंभीर मामले में न्याय सुनिश्चित करेगी और लोकतंत्र के चौथे स्तंभ की स्वतंत्रता की रक्षा करेगी। साथ ही यह भी कहा गया कि समय रहते उचित कदम उठाए जाने से स्थिति को और अधिक गंभीरता होने से रोका जा सकता है।
इस अवसर पर आईएफडब्ल्यूजे पत्रकार संगठन की जोधपुर जिला इकाई सलाहकार नंदू शाह प्रदेश उपाध्यक्ष राजीव गोड़ संभाग प्रभारी विक्रम सिंह करणोत जोधपुर प्रेस क्लब अध्यक्ष अजय अस्थाना सचिव शिव प्रकाश पुरोहित, जोधपुर जिला अध्यक्ष प्रदीप जोशी जोधपुर ग्रामीण अध्यक्ष मनोज जैन उपाध्यक्ष शरद शर्मा रंजन दवे चंद्र शेखर व्यास ,ललित सिंह इम्तियाज खान समीर आशीष पुरोहित जितेंद्र डूडी करण पूरी लक्षित दवे लक्ष्मण मोतीवाल मुकेश श्रीमाली जितेंद्र पुरोहित पुनीत माथुर सुमित ईश्वर सिंह पाबू राम मनीष दाधीच नरेंद्र सिरोही से हमीर सिंह राव हेमंत अग्रवाल कुंदन मल राठी महेंद्र माली नारायण लाल माली और जगदीश कुमार सहित बड़ी संख्या में पत्रकार मौजूद रहे।