बॉर्डर पर सुरक्षा व्यवस्था ओर मजबूत
बॉर्डर पर सुरक्षा व्यवस्था ओर मजबूत जैसलमेर / ऑपरेशन सिंदूर के बाद सीमा पर सतर्कता कई गुना बढ़ा दी गई है। जवानों की तादाद के साथ फेंसिंग एवं तकनीकी सुरक्षा व्यवस्था को ओर अधिक मजबूत किया गया है ताकि घुसपैठ व ड्रग्स, हथियात तस्करी पर प्रभावी नियंत्रण लगाया जा सके. राजस्थान में भारत-पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय सीमा पर सुरक्षा व्यवस्था को अभूतपूर्व स्तर तक मजबूत किया जा रहा है। हाल ही में इसके तहत न केवल जवानों की तैनाती और गश्त को तेज किया गया है, बल्कि पूरे फेंसिंग सिस्टम में तकनीकी बदलाव किए जा रहे हैं।
सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के राजस्थान सीमान्त आईजी एमएल गर्ग ने बताया बीएसएफ अब परंपरागत सुरक्षा उपायों से आगे बढ़ते हुए अत्याधुनिक तकनीक के जरिए सीमा की निगरानी कर रहा है।
अब सीमा पर हाईटेक फेंसिंग स्मार्ट सेंसर सीसीटीवी कैमरे और आधुनिक फ्लडलाइट्स लगाए जा रहे हैं। ताकि किसी भी तरह की घुसपैठ रोका जा सके। साथ ही बॉर्डर पोस्ट तक आसानी से पहुंचने पहुंचने के लिए 1600 केएम सड़क निर्माण का कार्य भी जारी है ताकि विपरीत परिस्तिथयों में सरलता से रसद आदि के साथ बॉर्डर पोस्ट तक पहुंचा जा सके राजस्थान की लंबी और संवेदनशील पाकिस्तान सीमा हमेशा से सुरक्षा एजेंसियों के लिए चुनौती रही है। रेतीले टीले, दुर्गम इलाका तेज हवाएं और अत्यधिक तापमान सीमा सुरक्षा को जटिल बना देते हैं।
इन्हीं चुनौतियों को ध्यान में रखते हुए अब सीमा पर हाईटेक फेंसिंग स्मार्ट सेंसर सीसीटीवी कैमरे और आधुनिक फ्लडलाइट्स लगाए जा रहे हैं।
नई फेंसिंग पुराने सिस्टम से पूरी तरह अलग और ज्यादा मजबूत है। बीएसएफ आईजी एमएल गर्ग ने बताया कि यह फेंसिंग आधुनिक तकनीक से लैस है और इसमें सुरक्षा के कई स्तर बनाए गए हैं। नई तकनीक के इस्तेमाल के बाद घुसपैठ की संभावना लगभग खत्म हो जाएगी। सीमावर्ती इलाकों में फेंसिंग को चरणबद्ध तरीके से बदला जा रहा है ताकि पूरे बॉर्डर पर एक समान सुरक्षा व्यवस्था लागू हो सके।