शर्मनाक नगर परिषद सो रही दौसा की जनता नालों में उतरने को मजबूर

Shameful Municipal Council: People of Dausa sleeping were forced to enter the drains

शर्मनाक नगर परिषद सो रही दौसा की जनता नालों में उतरने को मजबूर
नाले की सफाई करता हुआ स्थानीय व्यक्ति

शर्मनाक..! नगर परिषद सो रही, दौसा की जनता नालों में उतरने को मजबूर - सफाई का वीडियो वायरल, लोगों में भारी आक्रोश
 

दौसा। ये तस्वीर नही दौसा नगर परिषद के मुंह पर तमाचा है। मानसून सिर पर है लेकिन दौसा नगर परिषद की लापरवाही ने जनता को सड़क पर उतार दिया है। शहर के नाले कचरे से अटे पड़े हैं और जिम्मेदार कुर्सियों पर बैठकर फाइलें पलट रहे हैं। नतीजा..? जनता को खुद कीचड़ में उतरना पड़ रहा है। दौसा में नाले की सफाई करता एक युवक का वीडियो सोशल मीडिया पर आग की तरह फैल रहा है। वायरल वीडियो पर लोग कमेंट कर रहे है कि - _"शर्म करो नगर परिषद दौसा"_।

वायरल वीडियो ने खोल दी पोल

वायरल वीडियो में दिख रहा है कि प्लास्टिक, पन्नी और सड़े हुए कचरे से भरे नाले में एक आम नागरिक फावड़ा लेकर सफाई कर रहा है। चारों तरफ बदबू, कीचड़ और लापरवाही का मंजर है। 

लोग पूछ रहे हैं - कि नगर परिषद और उसके सफाईकर्मी किस बात की सैलरी ले रहे हैं?

"अब और नहीं सहेंगे" - जनता का फूटा गुस्सा

 स्थानीय लोगों का खून खौल रहा है। उनका कहना है कि पिछले 2 महीने से बार-बार शिकायत की गई। पार्षद से लेकर परिषद कार्यालय तक चक्कर काटे, लेकिन हर बार सिर्फ आश्वासन मिला। 

बारिश शुरू होते ही गंदा पानी सड़कों और घरों में घुसेगा। बच्चे बीमार पड़ेंगे। मच्छर और डेंगू फैलेगा। एक स्थानीय का ये दर्द वीडियो में साफ सुनाई दे रहा है।

फेसबुक, व्हाट्सएप, इंस्टा हर जगह लोग इस वीडियो को शेयर कर एक ही सवाल पूछ रहे हैं - क्या दौसा नगर परिषद सो रही है।

हर साल का घोटाला, हर बार जनता पिसती है 

ये कोई नई बात नहीं है हर साल मानसून से पहले "नालों की सफाई" के नाम पर लाखों का बजट पास होता है। कागजों पर काम दिखा दिया जाता है। लेकिन धरातल पर जीरो। 

जब तक कोई वीडियो वायरल नहीं होता, तब तक इन अधिकारियों की नींद नहीं खुलती। ये लापरवाही नहीं है तो और क्या है?


अब मांग एक ही - जवाब दो और कार्रवाई करो

जनता का गुस्सा अब सड़क पर आने को तैयार है। लोगों की सीधी मांग है:  
1.  24 घंटे में सभी नालों की सफाई कराओ  
2.  लापरवाह अधिकारियों और ठेकेदारों पर तुरंत कार्रवाई करो। 
3.  सफाई के नाम पर हुए खर्च का हिसाब सार्वजनिक करो।  

अगर ऐसा नहीं हुआ तो नगर परिषद कार्यालय का घेराव किया जाएगा।

खबर लिखे जाने तक नगर परिषद के आयुक्त और चेयरमैन इस वायरल वीडियो पर चुप्पी साधे हुए हैं। शायद उन्हें शर्म नहीं आ रही।