पशुपालन विभाग के निदेशक डॉ. आनन्द सेजरा ने किया निरीक्षण
पशुपालन विभाग के निदेशक डॉ. आनन्द सेजरा ने किया निरीक्षण दिए आवश्यक निर्देश
पाली, 4 नवम्बर। पशुपालन विभाग के निदेशक डॉ. आनन्द सेजरा अतिरिक्त निदेशक डॉ मनमोहन नागोरी ने जिला मुख्यालय में निरीक्षण किया व जिले में फैली ब्लू टंग बीमारी के सर्वे एवं उसकी रोकथाम के लिए किया जा रहे विभागीय प्रयासों तथा भेड एवं बकरियों के उपचारों के बारे में जानकारी लेने के लिए पशुपालन विभाग के निदेशक डॉआनंद सेजरा, आवश्यक निर्देश दिये।
पशुपालन विभाग के संयुक्त निदेशक डॉ मनोज पंवार ने बताया कि डॉ सेजरा ने भेडपालकों के साथ पाली हैडक्वाटर ग्राम चाणोद में मुलाकात की उनके साथ चर्चा की साथ ही भेड़ बकरी पालकों ने उनको बताया कि पाली जिले में इस बीमारी का प्रकोप इससे पहले कभी नहीं देखा गया उन्होंने इस बीमारी को भेड़ों के प्रवास के दौरान मध्य प्रदेश तथा उसके आसपास के क्षेत्र में इस प्रकार की बीमारी को देखा है किंतु पाली जिले में यह बीमारी पहली बार आई । उन्होंने बताया कि बीमारी के कारण भेड़ों में मुंह से पानी गिरना, तेज बुखार जीभ में सूजन व उसका नीला पड़ जाना हो जाता है जिसके कारण भेढ़ चरना बंद कर देती है। इस बीमारी के कारण भेड़ों के गले में सूजन आ जाती है वह सीने में भी पानी का भर जाता है।
डॉ पंवार ने बताया कि बीमारी के बारे में विस्तार से बचर्चा करते हुए निदेशक डॉ सेजरा ने बताया कि पाली जालौर के क्षेत्र में इस बीमारी का प्रकोप पहली बार देखने को मिला है विभाग द्वारा बीमारी से ग्रसित भेड़ों का इलाज कराने उपचार करने के लिए टीमों का गठन किया गया है आरआरटी गठीत कर संस्था प्रभारी द्वारा गहन सर्वे किया जा रहा है। तथा बीमार भेडों को स्वस्थ भेडों से अलग कर उनका उपचार कर रहे है तथा भेड़ पालकों को सलाह दी गई है कि यह बीमारी मच्छर व मक्खी के काटने से होती है इसलिए इस बीमारी में वेक्टर कंट्रोल अति आवश्यक है इसके लिए पशुपालक अपने बाड़े में नीम की पत्तियां का धुआं करें बाड़े को साफ रखें व बीमार भेड़ को नजदीकी पशु चिकित्सालय में दिखाए। उन्होंने बताया कि बीमार भेड़ का स्वयं या अन्य किसी से इलाज नहीं कराकर उसे पशु चिकित्सक को दिखाए। डी. सेजरा ने बताया की राज्य सरकार द्वारा पशुओं के लिए निशुल्क उपचार सुविधा के तहत 200 प्रकार की औषधियां निशुल्क उपलका कराई जा रही है। इस अवसर पर बैठक में मौजूद भेडपालकों को पशुओं में बीमारी से रोकथाम के लिए जागरूकता लाने के लिए कहा। डॉ. सेजरा द्वारा सुमेरपुर ब्लॉक के ग्राम चाणोद में पशुपालकों एवं भेडपालकों से व्यक्तिगत संपर्क कर भेड़ी/बकरियों की जांच कर भेडपालकों को समुचित समाधान हेतु आश्वस्त किया गया, ग्राम चाणोद में मेडपालकों की आयोजित बैठक में अजीत सिंह ,महीराज सिंह एवं भेडपालक भैराराम देवासी गिरीधारी राम देवासी नारायण लाल देवासी तथा गौकुल राम व गुलाब मीणा इस अवसर पर धनाराम देवासी रत्नाराम देवासी अमराराम देवासी तथा अन्य भेढ़पालक मौजूद रहें।