सुरक्षा भगवान भरोसे: चोरों का आतंक
सुरक्षा भगवान भरोसे: चोरों का आतंक
जोधपुर/ कड़ाके की ठंड और रात के सन्नाटे का फायदा उठाकर बेखौफ चोरों ने शहर की सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोल दी। एक ही रात में मंदिर सहित शहर के अलग-अलग इलाकों में चार बड़ी चोरियों को अंजाम देकर चोर करोड़ों की संपत्ति समेट ले गए जबकि पुलिस की रात्रि गश्त और निगरानी व्यवस्था पूरी तरह नाकाम साबित हुई। घंटों चली इन वारदातों की पुलिस को भनक तक नहीं लगी।
लगातार हुई चोरियों से पूरे शहर में दहशत का माहौल है और आमजन खुद को असुरक्षित महसूस कर रहा है।
आस्था पर हमला: मंदिर के गर्भगृह तक पहुंचे चोर
सबसे दुस्साहसिक वारदात कोलरी मोहल्ला स्थित नेमिनाथ जैन मंदिर में हुई। चोरों ने मंदिर के ताले तोड़कर भीतर प्रवेश किया और सीधे गर्भगृह तक पहुंच गए। यहां से भगवान के सिर पर विराजमान कीमती छत्र चोरी कर लिए गए।
इसके बाद चोरों ने मंदिर में रखी तिजोरी को कटर व भारी औजारों से तोड़कर नकदी साफ कर दी, वहीं दान पेटियों के ताले भी चटका दिए। पवित्र स्थल पर हुई इस चोरी से जैन समाज सहित स्थानीय लोगों में भारी रोष व्याप्त है।
सूने मकान बने निशाना करोड़ों की चपत
चोरों का आतंक यहीं नहीं रुका। कोलरी मोहल्ला निवासी जितेश कल्ला के सूने मकान को भी निशाना बनाया गया जहां से कीमती आभूषण चोरी होने की जानकारी सामने आई है।
सबसे बड़ी वारदात मक्का की घाटी इलाके में गोपी शर्मा के घर पर हुई। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार चोर यहां से लाखों रुपये मूल्य के सोने-चांदी के जेवरात और भारी मात्रा में नकदी लेकर फरार हो गए। एक ही रात में हुई इन सिलसिलेवार वारदातों ने शहरवासियों की नींद उड़ा दी है।
गश्त पर सवाल: कागजों में मुस्तैदी धरातल पर सन्नाटा
इन घटनाओं के बाद पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि चोर एक ही इलाके में घंटों तक कटर और औजारों से ताले तोड़ते रहे लेकिन न तो कोई गश्ती वाहन नजर आया और न ही कोई पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचा।
नागरिकों ने सवाल उठाए हैं—
जब चार-चार जगह चोरी हो रही थी तब रात्रि गश्त कहां थी?
सीसीटीवी और मुखबिर तंत्र इतनी बड़ी वारदातों को रोकने में क्यों विफल रहे?
जनता में आक्रोश आंदोलन की चेतावनी
पीड़ित परिवारों और स्थानीय निवासियों का आरोप है कि पुलिस की लापरवाही के चलते अपराधियों के हौसले बुलंद हैं। लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही चोरों की गिरफ्तारी और चोरी गए माल की बरामदगी नहीं हुई, तो वे सड़कों पर उतरकर विरोध प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे।
पुलिस का पक्ष
घटनाओं की सूचना मिलने पर खंडा फलसा थाना क्षेत्र के SI किशोर सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम मौके पर पहुंची और फॉरेंसिक साक्ष्य जुटाने के साथ-साथ घटनास्थलों का निरीक्षण किया। पुलिस का कहना है कि आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले जा रहे हैं और जल्द ही आरोपियों को पकड़ लिया जाएगा।
पुलिस इन गंभीर घटनाओं के बाद कितनी तेजी और प्रभावी कार्रवाई करती है या फिर शहर की सुरक्षा व्यवस्था यूं ही भगवान भरोसे बनी रहेगी।