गौर के राजा विघ्नहर्ता गणेश जी प्रतिमा की हुई प्राण प्रतिष्ठा

गौर के राजा विघ्नहर्ता गणेश जी प्रतिमा की हुई प्राण प्रतिष्ठा
गौर के राजा विघ्नहर्ता गणेश जी प्रतिमा की हुई प्राण प्रतिष्ठा

गौर के राजा विघ्नहर्ता गणेश जी प्रतिमा की हुई प्राण प्रतिष्ठा 

 जोधपुर / शहर के चाँदपोल स्थित गौर में विघ्नहर्ता गणेश भगवान की मूर्ति की प्राण प्रतिष्ठा विधि विधान सें हुई। त्रिदिवसीय महोत्सव के अंतिम दिन श्रद्धा और वैदिक विधानों के साथ देवताओं को जगाकर उनका पूजन व हवन किया गया। गणेशजी की मूर्ति की प्राण प्रतिष्ठा हुई इन्डा घंटा व ध्वज स्थापित किया गया ।महोत्सव पर पत्येक दिन रोजाना गणपति पूजन, मातृका पूजन, सर्व पीठिका पूजन एवं वैदिक हवन का आयोजन किया गया।

 पंडित सूर्य प्रकाश दाधीच उर्फ़ मोनू के आचार्यत्व में वेदपाठी पंडितों रोहिशवाल व गोड़ ने वैदिक मंत्रोच्चार के साथ पूजन कराया। पूजन में स्थानीय नागरिकों व गणमान्य जनों ने बड़ी संख्या में

 ने भाग लिया। शनिवार को शोभायात्रा निकाली गई ज़ो गौर मैदान से रामेश्वर मंदिर होते हुए तापड़िया बेरा पहुंची यहाँ पवित्र जल कलशो में भर कर सिर पर धारण कर महिलाओं ने जलयात्रा निकाली। इस मौके पर विशेष आरती व जयकारों से वातावरण भक्तिमय बना रहा। इस अवसर पर बिशनसिंह सोढ़ा,भंवर सिंह सोढ़ा, नागेश्वर, विष्णुदत्त बिस्सा, राजेंद्र सिंह सोढ़ा,सुनील त्रिवेदी, गजेंद्र सिंह सोढ़ा, मंगलसिंह,, जुगल गोयल, धीरेन्द्र सिंह सोढ़ा ने गणेश जी का अभिषेक कर पूजन किया। शुक्रवार को स्थानीय महिलाओं ने भजन प्रस्तुत किए। रमेश बिस्सा ने बताया कि रविवार को अभिर्जित मुहूर्त में पूजन व अभिषेक एव गौर के राजा गणेश जी की प्राण प्रतिष्ठा एवं पूर्णाहुति तथा विशेष आरती हुई। रविवार को सांय भक्तगणो ने महाप्रसादी ग्रहण की। अंकित दाधीच ने बताया कि शनिवार की रात्रि को गायत्री आश्रम भजन मंडली द्वारा कर्ण प्रिय भजन प्रस्तुत किए गए। मंदिर को आकर्षक रोशनी व फूल मलाओं सें सजाया गया।महोत्सव के अवसर पर भंवर सिंह सोढ़ा,नागराज, राजेंद्र सिंह सोढ़ा रणवीर सिंह कच्छवाह, योगेश्वर त्रिवेदी, भंरत चौधरी, पपसा गाँधी भंवर सिंह, मंगलसिंह,कुंदन बिस्सा,गर्वित बिस्सा, सोनू राठी, सोनी, सुनील वैष्णव राकेश अमित त्रिवेदी अंकित, वरुण त्रिवेदी,दिलीप बोहरा लक्ष्मी नारायण दवे सोहन बलड़ लक्ष्मण दिवाकर श्रीमती सरिता बिस्सा,श्रीमती प्रीति बिस्सा, उषा गाँधी , श्रीमती इंदु दाधीच, श्रीमती संजु श्रीमती यशोदा त्रिवेदी, ज्योति त्रिवेदी दर्शना बिस्सा , खुशबु,सहित स्थानीय नागरिक सैकड़ो की तादाद में मौजूद रहें।