आदर्श क्रेडिट सोसायटी में फंसे 21 लाख निवेशकों की जमा पूंजी वापसी के लिए राष्ट्रपति को ज्ञापन
आदर्श क्रेडिट सोसायटी में फंसे 21 लाख निवेशकों की जमा पूंजी वापसी के लिए राष्ट्रपति को ज्ञापन
वरिष्ठ पत्रकार अब्दुल समद राही
मारवाड़ जंक्शन। आदर्श क्रेडिट को-ऑपरेटिव सोसायटी लिमिटेड में देशभर के लाखों निवेशकों की वर्षों से फंसी जीवन भर की कमाई के शीघ्र, न्यायोचित एवं समयबद्ध भुगतान को लेकर *ह्यूमन राइट्स जस्टिस एसोसिएशन* के प्रदेशाध्यक्ष *मोहम्मद खां पठान* ने महामहिम राष्ट्रपति महोदया के नाम ज्ञापन प्रेषित किया है।
भेजे गए इस ज्ञापन में बताया गया है कि आदर्श क्रेडिट सोसायटी में देश के लगभग *21 लाख नागरिकों* ने अपने जीवन भर की कमाई इस विश्वास के साथ जमा कराई थी कि उनकी पूंजी सुरक्षित रहेगी और आवश्यकता पर वापस मिलेगी। इनमें किसान, छोटे व्यापारी, कर्मचारी, महिलाएं, वरिष्ठ नागरिक, दिव्यांगजन, पेंशनभोगी तथा मध्यम एवं निम्न आय वर्ग के परिवार बड़ी संख्या में शामिल हैं।
दुर्भाग्यवश 2018 से उत्पन्न परिस्थितियों के कारण लाखों निवेशकों की जमा पूंजी वर्षों से फंसी हुई है। जिसके चलते अनेक परिवार आर्थिक संकट, मानसिक तनाव और सामाजिक कठिनाइयों का सामना कर रहे हैं। ज्ञापन में उल्लेख किया गया है कि कई वरिष्ठ नागरिक अपनी बचत से वंचित होने के कारण उपचार के अभाव में पीड़ित हैं, अनेक छात्र उच्च शिक्षा से, अनेक बेटियों के विवाह रुक गए हैं और अनेक परिवार ऋण और अभाव के कारण सम्मानपूर्वक जीवन जीने के लिए संघर्ष कर रहे हैं।
एसोसिएशन ने ज्ञापन में कहा है कि यह केवल धन का प्रश्न नहीं, बल्कि लाखों भारतीयों के संवैधानिक अधिकार, मानवीय गरिमा और न्याय का प्रश्न है। भारत का संविधान प्रत्येक नागरिक को समानता, न्याय और गरिमापूर्ण जीवन का अधिकार देता है। एक लोकतांत्रिक एवं कल्याणकारी राज्य के रूप में यह राष्ट्र का नैतिक एवं संवैधानिक दायित्व है कि निर्दोष निवेशकों को वर्षों तक न्याय की प्रतीक्षा न करनी पड़े।
ज्ञापन में किसी विशेष अनुग्रह या रियायत की मांग नहीं की गई है, बल्कि अपनी वैध, परिश्रमपूर्वक और विधि सम्मत जमा पूंजी की वापसी हेतु संविधान और कानून के अनुसार न्याय की विनम्र प्रार्थना की गई है।
प्रदेशाध्यक्ष मोहम्मद खां पठान (रिटायर्ड रेलवे इंस्पेक्टर, मारवाड़ जंक्शन, जिला पाली) ने राष्ट्रपति महोदया से आग्रह किया है कि इस जनहित एवं राष्ट्रीय महत्व के विषय में संबंधित मंत्रालयों एवं प्राधिकरणों को आवश्यक निर्देश देकर समयबद्ध, पारदर्शी एवं प्रभावी कार्यवाही सुनिश्चित कराई जाए, ताकि लाखों पीड़ित निवेशकों को शीघ्र न्याय मिल सके।
इस ज्ञापन की प्रतिलिपि उपराष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री, वित्त मंत्री, विधि एवं न्याय मंत्री, राजस्थान के राज्यपाल, मुख्यमंत्री, मुख्य सचिव, केंद्रीय रजिस्ट्रार बहु राज्य सहकारी समितियां, प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) एवं सीबीआई के निदेशक को भी आवश्यक कार्यवाही हेतु भेजी गई है।