आयोग दर्शाए सही आकडे वर्ना आदोंलन
आयोग दर्शाए सही आकडे वर्ना आदोंलन - परिहार
ओ.बी.सी सर्वे मे गलत आकडे दर्शाने से नाराज हुआ रावणा राजपूत समाज, कलक्टर कार्यालय के बाहर किया प्रदर्शन
पाली 12 अगस्त। राजस्थान राज्य अन्य पिछडा वर्ग (राजनीतिक प्रतिनिधित्व) की ओर से पिछले दिनो प्रदेश भर मे करवाए गए ओ.बी.सी सर्वे मे रावणा राजपूत समाज का आंकडा सही नही दर्शाने से नाराज पाली रावणा राजपूत समाज के लोगो ने बुधवार को जिला कलक्टर कार्यालय के बाहर धराना प्रदर्शन कर प्रशासनिक व जनप्रतिनिधियो को ज्ञापन सौपा।
रावणा राजपूज समाज के जिलाध्यक्ष प्रमेन्द्र सिंह परिहार ने बताया कि आयोग की ओर से करवाए गए सर्वेक्षण की प्रक्रिया में गंभीर कमियां रही हैं। उदाहरण के लिए, रावणा राजपूत समाज के संबंध में सामने आया आंकड़ा भी उसकी वास्तविक संख्या के पांचवे हिस्से तक भी नहीं पहुंचता दिखाई देता है। इससे सर्वेक्षण की पूर्णता, पद्धति एवं विश्वसनीयता पर गंभीर प्रश्न खड़े होते हैं। उन्होने बताया कि सर्वेक्षण की गंभीरता को देखते हुए राजस्थान के ओबीसी वर्ग के हितों, सामाजिक न्याय, समान राजनीतिक प्रतिनिधित्व एवं पारदर्शिता को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए आयोग की रिपोर्ट एवं उसके आंकड़ों को सार्वजनिक तथा सर्वेक्षण की कमियों का निष्पक्ष एवं स्वतंत्र सत्यापन कराया जाए।
चुनाव का करेंगे बहिष्कार - जिलाध्यक्ष परिहार ने बताया कि यदि आयोग व राज्य सरकार ने सर्वे के सही आंकडे नही दर्शाए ओर रिर्पोट को सार्वजनिक नही किया तो समाज की ओर से आगामी दिनो मे विधान सभा सत्र में विधानसभा घेराव जैसा निर्णय करना पड़ेगा जिसकी जिम्मेदारी सरकार की होगी। साथ ही समाज नगरीय निकाय एवं पंचायती राज चुनावो का बहिष्कार करेंगी।
आयोग उठाए न्याय संगत कदम -शहर अध्यक्ष विक्रम सिंह भैसाणा ने बताया कि ओबीसी वर्ग की वास्तविक जनसंख्या एवं सामाजिक-राजनीतिक स्थिति को ध्यान में रखते हुए आरक्षण एवं राजनीतिक प्रतिनिधित्व की व्यवस्था को न्यायसंगत एवं संख्यानुपातिक बनाने की दिशा में आवश्यक कदम उठाए जाएं।
इस मौके पर पूर्व शहर अध्यक्ष रतन सिंह झाला,नरपत सिंह सोलंकी,खीम सिंह भाटी, लाल सिंह पंवार,जब्बर सिंह देवल,हितपाल सिंह चोटिला, विक्रम सिंह, मीठू सिंह, राजू सिंह भाटी, मदन सिंह बाघेला, हेमंत सिंह चौहान, ढलसिंह चौहान, भीक सिंह, राजेन्द्र सिंह, केशर सिंह, गणपत सिंह, जगदीश सिंह, गोपाल सिंह चावडा, हडवंत सिंह,गोविन्द सिंह मेफावत, शैतान सिंह राठौड आदि मौजूद रहे।